ई-टोकन नियम की अनदेखी पड़ी भारी : रतलाम के 06 खाद विक्रेताओं के लाइसेंस निलंबित
Raj Kumar Luniya
Tue, Apr 14, 2026
जिले में उर्वरक वितरण की व्यवस्था को पारदर्शी बनाने और किसानों को सुलभता से खाद उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है। राज्य सरकार के दिशा-निर्देशों के तहत 01 अप्रैल से अनिवार्य की गई ई-विकास (ई-टोकन) प्रणाली का उल्लंघन करने पर 06 निजी उर्वरक विक्रेताओं के लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिए गए हैं।
कलेक्टर के निर्देश पर हुई कार्रवाई : उप संचालक किसान कल्याण एवं कृषि विकास, श्री आर.के. सिंह ने बताया कि कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह के आदेशानुसार जिले के सभी खाद विक्रेताओं को शत-प्रतिशत उर्वरक वितरण ई-टोकन प्रणाली के माध्यम से ही करने के निर्देश दिए गए थे। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि कुछ विक्रेता इस नियम की अनदेखी कर रहे हैं।
इन विक्रेताओं पर हुई कार्रवाई: प्रशासन द्वारा जिन 06 फर्मों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है, उनमें शामिल हैं: प्रकाश चंद्र रतनलाल जैन (जावरा), पाटीदार किसान बाजार (रोजाना, जावरा) चारभुजा ट्रेडिंग कंपनी (बड़ावदा, जावरा) विश्वकर्मा ट्रेडर्स (डोसीगांव, रतलाम) राज केमिकल एंड फर्टिलाइजर (रतलाम) ग्राहक सेवा केंद्र (गुडभेली, आलोट)
संतोषजनक नहीं मिला जवाब: विभागीय जानकारी के अनुसार, उक्त विक्रेताओं को ई-टोकन प्रणाली का पालन न करने पर पहले 'कारण बताओ नोटिस' जारी किया गया था। विक्रेताओं द्वारा प्रस्तुत जवाब संतोषजनक नहीं पाए जाने पर उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 के प्रावधानों के तहत इनके लाइसेंस निलंबित करने की कड़ी कार्रवाई की गई है।
अधिकारियों की चेतावनी: कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद वितरण में किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी निजी और सहकारी विक्रेताओं को शासन के ई-विकास पोर्टल के माध्यम से ही नियमानुसार खाद का विक्रय सुनिश्चित करना होगा, अन्यथा भविष्य में भी इसी प्रकार की कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
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