दिव्यदृष्टि कलाकारों की सुरमयी शाम : शारीरिक अक्षमता को प्रतिभा से दी मात
Raj Kumar Luniya
Tue, Mar 17, 2026शहर के ऐतिहासिक गुलाब चक्कर परिसर में 'दिव्यदृष्टि' संस्था द्वारा संगीत की एक शानदार शाम ‘तेरी आंखों की चाहत में’ का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की खास बात यह रही कि इसमें शामिल गायक और संगीतकारों ने अपनी शारीरिक अक्षमता को अपनी असाधारण प्रतिभा के आगे बौना साबित कर दिया। रतलाम और इंदौर के इन विशेष कलाकारों ने अपनी सुरीली प्रस्तुतियों से उपस्थित श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ अनुनाद के संरक्षक सुरेंद्र शर्मा और अध्यक्ष अजीत जैन द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। सुर संगम आर्केस्ट्रा के संजय गरूड़ के निर्देशन में कलाकारों ने एक के बाद एक 20 से अधिक सदाबहार गीतों की प्रस्तुतियां दीं।
प्रतिभा का अनूठा संगम
मंच पर संध्या शर्मा, पूजा पटवा, जितेंद्र चौहान, अभिजीत सिंह, भव्यराज राठौर, परम जैन, विशाल सोलंकी, नीरज सिंह, श्याम शर्मा और मुन्नालाल शर्मा जैसे कलाकारों ने अपनी गायकी का लोहा मनवाया। कार्यक्रम में अतिथि के रूप में न्यायाधीश नीरज पवैया, कर्नल हरमीत सिंह, उप जेल अधीक्षक ब्रजेश मकवाना, कर सलाहकार शांतिलाल चपलोत और रत्नेश विजयवर्गीय उपस्थित थे।
संजय गरूड़ का हुआ सम्मान
इस अवसर पर अतिथियों द्वारा संगीत निर्देशक संजय गरूड़ का विशेष अभिनंदन किया गया। उल्लेखनीय है कि श्री गरूड़ वर्तमान में रेलवे में कार्यरत हैं और उन्होंने वर्ष 1999 से 2010 तक लायंस क्लब रतलाम द्वारा संचालित ज्ञानदीप दृष्टिहीन विद्यालय में निःशुल्क सेवाएं प्रदान कर कई प्रतिभाओं को तराशा है।
कार्यक्रम के दौरान अनुनाद संस्था के अशोक शर्मा, डॉ. चंचल चौहान, गणेश मिश्रा, संजय परसाई, मनोज जोशी, नरेंद्र सिंह शेखावत, सुरेश सिंह तंवर और योगगुरु विशाल कुमार वर्मा ने अतिथियों का स्वागत किया। पूरे कार्यक्रम का सफल संचालन आशीष दशोत्तर ने किया। इस गरिमामयी शाम का आनंद लेने के लिए शहर के बड़ी संख्या में संगीत प्रेमी उपस्थित रहे।
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